Section 40 Arbitration and Conciliation Act, 1996


 Section 40  Arbitration and Conciliation Act, 1996: 

Arbitration agreement not to be discharged by death of party thereto.—

(1) An arbitration agreement shall not be discharged by the death of any party thereto either as respects the deceased or as respects any other party, but shall in such event be enforceable by or against the legal representative of the deceased.

(2) The mandate of an arbitrator shall not be terminated by the death of any party by whom he was appointed.

(3) Nothing in this section shall affect the operation of any law by virtue of which any right of action is extinguished by the death of a person.

Supreme Court of India Important Judgments And Leading Case Law Related to Section 40  Arbitration and Conciliation Act, 1996: 

Power Machines India Limited vs State Of Mahdya Pradesh & Ors on 17 April, 2017

Secur Industries Ltd vs M/S Godrej & Boyce Mfg. Co. Ltd. &  on 26 February, 2004

माध्यस्थम् और सुलह अधिनियम, 1996 की धारा 40 का विवरण : 

माध्यस्थम् करार का उसके पक्षकार की मृत्यु के कारण प्रभावोन्मुक्त होना-(1) माध्यस्थम् करार उसके किसी पक्षकार की मृत्यु के कारण, न तो मृतक के और न किसी अन्य पक्षकार के संबंध में प्रभावोन्मुक्त होगा, किन्तु ऐसी दशा में वह मृतक के विधिक प्रतिनिधि के द्वारा या उसके विरुद्ध प्रवर्तनीय होगा ।

(2) किसी मध्यस्थ का आदेश किसी ऐसे पक्षकार की मृत्यु के कारण समाप्त नहीं हो जाएगा, जिसके द्वारा वह नियुक्त किया गया था ।

(3) इस धारा की कोई भी बात किसी ऐसी विधि के प्रवर्तन पर प्रभाव नहीं डालेगी, जिसके आधार पर किसी कार्रवाई का कोई अधिकार किसी व्यक्ति की मृत्यु के कारण निर्वापित हो जाता है ।

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